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पवित्र शास्त्र में
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बाइबल अध्ययन मार्गदर्शिकाएं, भक्ति और धर्मशास्त्रीय अंतर्दृष्टि — अंग्रेजी, हिंदी और मलयालम में।
50 लेख प्रकाशित
क्रूस पर चढ़ाया जाना
यीशु का क्रूस पर चढ़ाया जाना — यह परमेश्वर के प्रेम की सबसे बड़ी कहानी है। जब यीशु को गोलगोथा पहाड़ी पर ले जाया गया और क्रूस पर ठोंक दिया गया, तब उसने हमारे पाप
पिलातुस के सामने यीशु
पिलातुस के सामने यीशु की सुनवाई — यह अध्ययन हमें दिखाता है कि यीशु बिल्कुल निर्दोष थे, फिर भी उन्होंने हमारे लिए दंड उठाया। रोमी गवर्नर पिलातुस ने यीशु में कोई
महासभा के सामने यीशु
महासभा के सामने यीशु का परीक्षण एक ऐतिहासिक घटना है जो हमें परमेश्वर के सत्य और मनुष्य की कठोरता दिखाती है। यीशु को यहूदी नेताओं के सामने लाया गया जो उसे दोषी ठ
पतरस का इनकार
पतरस का इनकार — विफलता और पश्चाताप की कहानी। यीशु का सबसे करीबी चेला पतरस ने तीन बार कहा कि वह यीशु को नहीं जानता। जब मुर्गे ने बांग दी, तब पतरस को यीशु की चेता
विश्वासघात और गिरफ्तारी
विश्वासघात और गिरफ्तारी — यीशु का प्रेम और समर्पण। यहूदा ने पैसों के लालच में यीशु को धोखा दिया और सैनिकों को उनके पास ले आया। यीशु को गिरफ्तार किया गया, लेकिन
गतसमनी का बाग
गतसमनी के बाग में यीशु की प्रार्थना हमें दिखाती है कि कठिन समय में परमेश्वर के पास कैसे आएं। यीशु जानता था कि क्रूस पर उसे बहुत दर्द सहना होगा, फिर भी उसने अपने
अंतिम भोज
यीशु का अंतिम भोज — प्रेम और बलिदान की याद। यीशु ने क्रूस पर चढ़ने से पहले अपने शिष्यों के साथ एक खास भोज किया। उसने रोटी और दाखरस लेकर एक नया तरीका दिया जिससे
बपतिस्मा और प्रभु भोज
बपतिस्मा और प्रभु भोज — यीशु ने कलीसिया को दिए गए दो खास चिन्ह। बपतिस्मा एक बाहरी घोषणा है जो दिखाती है कि हम यीशु के साथ मर गए, दफनाए गए, और नई जिंदगी में जी उ
पवित्र आत्मा की भूमिका
पवित्र आत्मा की भूमिका — परमेश्वर का तीसरा व्यक्ति। पवित्र आत्मा परमेश्वर है, पिता और पुत्र के बराबर। वह हमारी जिंदगी में काम करता है — हमें पाप दिखाता है, हमें
प्रार्थना का महत्व
प्रार्थना का महत्व — परमेश्वर से बात करने का तरीका। प्रार्थना कोई धार्मिक रस्म नहीं है, बल्कि परमेश्वर के साथ सच्ची बातचीत है। यीशु मसीह ने हमें परमेश्वर के पास
बाइबिल क्यों पढ़ें?
बाइबिल क्यों पढ़ें — परमेश्वर का जीवित वचन। बाइबिल सिर्फ एक पुरानी किताब नहीं है, बल्कि परमेश्वर का खुद का लिखा हुआ संदेश है जो आज भी जिंदा और ताकतवर है। यह हमे
अपने उद्धार में विश्वास
अपने उद्धार में विश्वास — यह अध्ययन आपको सिखाता है कि आप कैसे पक्के तौर पर जान सकते हैं कि आपको उद्धार मिल गया है। यह विश्वास आपकी भावनाओं या अच्छे कामों पर नही